हम यहां आपके लिए मौजूद हैं क्योंकि हम लोगों ने भी संघर्ष किया है।
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हम परवाह क्यों करते हैं

हम प्यार करते हैं क्योंकि पहले उन्होंने हमसे प्यार किया। - 1 John 4:19

हम परवाह करते हैं क्योंकि हम लोगों (ऑनलाइन और आमने-सामने दोनों) का एक समुदाय हैं जो संघर्षों से जूझ चुके हैं। हम जानते हैं कि बातों को राज़ रखने से वो हम पर काबू करने लगती हैं, पर लोगों के साथ बात करने से हमें यात्रा के लिए शक्ति और बुद्धि मिलती है।

यीशु मसीह की शक्ति और प्रेम के द्वारा, हमें अपने संघर्षों के बीच शान्ति और आनंद के साथ, आशा भी मिली है। हम यह अच्छी ख़बर सिर्फ़ अपने तक सीमित नहीं रखना चाहते। हम इस आशा, शान्ति, शक्ति, और आनंद को पाने के लिए संघर्ष करते हुए दूसरे लोगों की मदद करने के लिए तैयार हैं ताकि वो इस अद्भुत जीवन को पा सकें जो भगवान ने उनके लिए सोचा है।

कृप्या हमें बताएं कि हम आपकी मदद कैसे कर सकते हैं।

परमेश्वर हम सबसे बिना शर्त प्रेम करते हैं और अपने संघर्षों से पार पाने में हमारी मदद करना चाहते हैं। उनकी मदद का अनुभव करने के लिए पहले उनके साथ एक निजी रिश्ता बनाएं। उस रिश्ते को इस प्रकार ढूंढें।

अधिकाँश लोग इस संसार और अपने जीवन को बेहतर बनाना चाहते हैं। क्यों? क्योंकि अंदर से हम सब जानते हैं कि संसार वैसा नहीं है जैसा उसे होना चाहिए। यह कई तरह से टूटा हुआ है, और उसी तरह हम भी। हम सब मुक्ति और उपचार की कहानी का हिस्सा हैं जिसे रचना की शुरुआत से ही ईश्वर लिख रहे हैं।

जीवन के लिए रचा गया

परमेश्वर ने हमें जीवन को पूरी तरह से जीने के लिए रचा है। परमेश्वर को क़रीब से जानने के लिए, हमारे बीच में कुछ नहीं होना चाहिए। किसी और को दुख दिए बिना या ख़ुद दुखी हुए बिना। उस दुनिया का आनंद लेने के लिए जो उन्होंने हमारे लिए बनाई है। हर दिन आनंद, उद्देश्य और अर्थ के साथ जीने के लिए। "फिर परमेश्वर ने ज़मीन की मिट्टी से इंसान को बनाया। उन्होंने मनुष्य की नाक में सांस दी, और इंसान जीवित हो गया” (जेनेसिस 2:7)।

जीवन से अलग

पर हम संतुष्ट नहीं थे। पहले इंसानों ने परमेश्वर और उनकी दी हुई खूबसूरत ज़िंदगी से मुँह मोड़ लिया। इस प्रकार दुनिया में मौत, दर्द, बुराई और अकेलापन आया। एक विद्रोही फैसले के कारण, परमेश्वर से रिश्ता टूट गया। "यह उचित नहीं," हम कह सकते हैं। पर हम सब पापी हैं। हम जानते हैं कि हम सब वही करते हैं: हम ख़ुद को अधिक महत्व देते हैं, परमेश्वर की जगह अपना रास्ता चुनते हैं। "क्योंकि पाप का मूल्य तो बस मृत्यु ही है जबकि हमारे प्रभु यीशु मसीह में अनन्त जीवन, परमेश्वर का वरदान है” (रोमन्स 6:23)।

जीवन के लिए पुन: स्थापित

जीसस ही हमें पुन: जीवित कर सकते हैं। सूली पर, परमेश्वर की सन्तान ने हमारी मौत ले ली। उन्होंने हमारे विद्रोह का दोष ले लिया और बुराई को हरा दिया। फिर उन्होंने वापस आकर यह साबित कर दिया। अब वो उस हर इंसान को एक पूर्ण, सच्चे जीवन का वादा करते हैं जो उन पर विश्वास करता है और उनके त्याग को मानता है। यह एक मुफ़्त उपहार है पर इसकी कीमत हम अपने घमंड से चुकाते हैं। हम तब बचते हैं जब हम ख़ुद को बचाना छोड़ कर जीसस को अपना सब कुछ सौंप देते हैं।

“मैं चाहता हूँ कि वो अपना पूर्ण जीवन जीएं” (जॉन 10:10b)। “किन्तु अब हमारे उद्धारकर्ता यीशु मसीह के प्रकट होने के साथ-साथ हमारे लिये प्रकाशित किया गया है। उसने मृत्यु का अंत कर दिया तथा जीवन और अमरता को सुसमाचार के द्वारा प्रकाशित किया है।” (2 टिमथी 1:10)।

जीवन को चुनें

आपके पास एक विकल्प है। इस बिंदु से आपका जीवन दो में से एक दिशा की ओर जा सकता है: या तो अपने जीवन पर खुद कंट्रोल करें, जो उस ख़ूबसूरत जीवन से अलग होगा जो यीशु आपको देना चाहते हैं।

या

अपना जीवन यीशु को सौंप दें और परमेश्वर से वह रिश्ता बनाएं जो आपको अंदर से बदल देगा। आप उद्देश्य और अर्थ को समझेंगे और माफ़ किए जाने के आनंद का अनुभव करेंगे। आप अपने अतीत से उबर पाएंगे और प्रेम का आनंद ले पाएंगे। आप पूरी तरह जीवित होंगे।

वो जीवन कैसे चुनें

“कि यदि तू अपने मुँह से कहे, “यीशु मसीह प्रभु है,” और तू अपने मन में यह विश्वास करे कि परमेश्वर ने उसे मरे हुओं में से जीवित किया तो तेरा उद्धार हो जायेगा।" (रोमन्स 10:9)।

यीशु को अपना जीवन देने के लिए यह एक अच्छी प्रार्थना है:

“परमेश्वर, मैंने बहुत लंबे समय तक ज़िंदगी को अपने तरीके से जीया है। मैं इतना संघर्ष करके थक गया हूँ। मैं मानता हूँ कि यीशु मेरे स्वार्थ से मुझे आज़ाद करने के लिए मरे थे। कृप्या मेरे पापों को क्षमा कर दें। धन्यवाद कि यीशु मृत नहीं रहे। आप ने उन्हें ज़िंदा किया। मैं आपके साथ नए जीवन के मुफ़्त उपहार को स्वीकार करता हूँ। मेरा जीवन अब आपका है। कृप्या मुझे अपनी मदद से अपने तरीके से जीने में मदद करें। आमीन।”

कृप्या हमें बताएँ यदि आपने यीशु का पालन करने का निर्णय ले लिया है। यदि आप नीचे अपना ईमेल पता और नाम छोड़ते हैं, तो हमारा एक मुफ़्त और गोपनीय सलाहकार आपसे आपके सवालों का जवाब देने और आपके साथ प्रार्थना करने के लिए जल्द ही संपर्क करेगा।

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